UN में शहबाज शरीफ के दावे पर भारतीय राजनयिक का रिएक्शन, कैमरे में कैद हुआ पल

नई दिल्ली
संयुक्त राष्ट्र महासभा यानी की UN में भारतीय राजनयिक की पाकिस्तानी पीएम शहबाज शरीफ पर एक प्रतिक्रिया इंटरनेट पर वायरल हो गई। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री यूएन में भाषण दे रहे थे, इस दौरान उन्होंने भारत के खिलाफ झूठा नैरेटिव फैलाने की कोशिश की। शहबाज शरीफ ने झूठ बोलते हुए कहा कि मई 2025 में भारत से टकराव में पाकिस्तान की जीत हुई थी। इस दौरान यूएन का कैमरा भारतीय राजनयिक रेंटला श्रीनिवास की तरफ मुड़ा और वो अपनी सीट पर बैठकर हंसते नजर आए।

कौन हैं राजनयिक आर श्रीनिवास
आर श्रीनिवास ने अपने राजनयिक करियर की शुरुआत त्रिनिदाद और टोबैगो में भारत के उच्चायोग में अताशे के तौर पर काम किया। बता दें कि दूतावास में अताशे एक खास राजनयिक अधिकारी होता है, जो किसी खास सब्जेक्ट जैसे व्यापार, संस्कृति या रक्षा का विशेषज्ञ होता है। इसके अलावा वह पोर्ट ऑफ स्पेन के भारतीय उच्चायोग में अताशे और इसके साथ ही 'इंडियन टेक्निकल एंड इकोनॉमिक कोऑपरेशन प्रोग्राम' (ITEC) के कोऑर्डिनेटर रह चुके हैं।

किस पद पर हैं आर श्रीनिवास
रेंटला श्रीनिवास नई दिल्ली में विदेश मंत्रालय में विदेश सचिव के प्रधान निजी सचिव (PPS) के तौर पर काम कर चुके हैं। हाल ही में उन्होंने न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र (UN) में भारत के स्थायी मिशन में 'सेकंड सेक्रेटरी' के तौर पर काम करते हुए भारत का प्रतिनिधित्व किया है। बता दें कि पीपीएस का मतलब 'प्रिंसिपल प्राइवेट सेक्रेटरी' होता है। यह भारत सरकार के मंत्रालयों में एक वरिष्ठ प्रशासनिक और सेक्रेटेरियल पद है।

UN में शहबाज शरीफ ने क्या कहा?
शहबाज शरीफ ने 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान परमाणु हथियार वाले दो देशों के बीच तनाव को रोकने में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की भूमिका की तारीफ की। शरीफ ने कहा कि ट्रंप का सही समय पर किया गया दखल एक ऐसे निर्णायक मोड़ पर आया, जब भारत-पाकिस्तान पूर्ण युद्ध के कगार पर खड़े थे। कौन जानता है कि अगर राष्ट्रपति ट्रंप ने इस नाजुक क्षण में कदम न उठाया होता तो कितनी तबाही मची होती। शहबाज शरीफ ने इस दौरान सिंधु जल संधि और कश्मीर का मुद्दा भी उठाया।

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