अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मात्र आंकड़ों का लेन देन नहीं – प्रो. व्लादिमीर

। रूस के मेगीमो यूनिवर्सिटी के डीन प्रो. व्लादिमीर शपोवलोव ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मात्र आंकड़ों का लेन देन नहीं बल्कि यह सांस्कृतिक, शैक्षणिक और मानवीय आदान-प्रदान का सशक्त सेतु है जो राष्ट्रों को वास्तविक रूप से जोड़ता है ।
’भारत और रूस – व्यापारिक सहयोग एवं आर्थिक संभावनाएं‘ विषय पर व्याख्यान करते हुए प्रो. व्लादिमीर ने कहा कि भारत और उसका संबंध सिर्फ ऐतिहासिक मित्रता का प्रतीक नहीं है। बल्कि आने वाले समय में वैश्विक अर्थव्यवस्था को नई दिशा देने वाला मजबूत आधार है। उन्होंने कहा कि व्यापार, निवेश, ऊर्जा, शिक्षा, रक्षा और आधुनिक तकनीक जैसे विविध क्षेत्रों में भारत रूस सहयोग की संभावनाएं असीमित है और यह दोनों देश मिलकर विश्व मंच पर नए आर्थिक मानक स्थापित कर सकते हैं। प्रो. व्लादिमीर ने प्रेजेंटेशन के माध्यम से छात्र-छात्राओं को भारत-रूस के वर्तमान व्यापारिक आंकड़े, निवेश की स्थिति, ऊर्जा और रक्षा जैसे क्षेत्रों में सहयोग की मजबूती तथा शिक्षा, सूचना प्रौद्योगिकी और आधुनिक तकनीक में उभरते अवसरांे को विस्तार से समझाया।
इस अवसर पर डीन (इंटरनेशनल अफेयर्स) डा. डी. आर. गंगोडकर ने कहा कि ग्राफिक एरा विश्वविद्यालय ने विश्व की अनेक प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटीज के साथ शैक्षणिक साझेदारी स्थापित की है। इसके माध्यम से छात्र-छात्राएं न केवल अंतर्राष्ट्रीय शिक्षा से रूबरू हो सकेंगे बल्कि स्टूडेंट एक्सचेंज प्रोग्राम के जरिए वैश्विक अवसरों का सीधा लाभ भी प्राप्त कर पाएंगे। ऐसे अवसर छात्र-छात्राओं को ग्लोबल सिटीजन बनने की दिशा में अग्रसर करते हैं और उन्हें शिक्षा, शोध तथा करियर के नए आयाम प्रदान करते हैं।
यह सत्र ग्राफिक एरा डीम्ड यूनिवर्सिटी के इंटरनेशनल अफेयर्स विभाग ने आयोजित किया। इस अवसर पर स्कूल आफ मैनेजमेंट के एचओडी डा. नवनीत रावत के साथ डा. शशांक सेमवाल, डा. योगेश भट्ट, डा. कीर्ति, सूचित अरोड़ा, अन्य शिक्षक-शिक्षिकाएं और छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।

❌ Content Protection Enabled: Right-click & text copying is disabled on this website.